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Dhanyavaad

ACKNOWLEDGEMENT|अपने पास पूरी काबिलियत होने के बावजूद जब एक चींटी चलती है तो उसे जमीन का सहारा होता है! जब एक चिड़िया उड़ती है तो उसे हवा का सहारा होता है! इसी तरीके से हम चाहे कितने भी सफल, कितने भी काबिल, क्यों ना हो जाए! हम सब के सफल हो जाने में आसपास के वातावरण किसी न किसी रूप में- प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष, बहुत सारी चीजों, लोगों, मापदंडो का सहारा होता है।
उसी तरीके से इस पुस्तक के पूर्ण होने के सहारे बने लोगों की, उसी वर्ग के लोगों की सूची यहाँ पर है। 

इनके बिना इस पुस्तक की वर्तमान रूपरेखा पाकर आपके पास आना, आपको आनंदमयी करना लगभग असंभव था।
इस योगदान के लिए ये पूर्ण मान, सम्मान और इज्जत के एक  काबिल हकदार हैं!
                                              

Maa and Papa । Suraj Singh
माता और पिता 

Sadhguru । क्यों- दास्तां खोज की
सद्गुरु  

Partha Guha ।   KYON- Dastan Khoj Ki
गुरु पार्था गुहा
Dhananjaya Pandey । KYON- Dastan Khoj Ki
गुरू धनंजय पांडेय 
Ritu Singh। KYON- Dastan Khoj Ki
ऋतु सिंह (बहन)
Sahil Gupta ।  KYON- Dastan Khoj Ki
साहिल गुप्ता 

Ashish Tripathi । KYON- Dastan Khoj Ki
आशीष त्रिपाठी जी

Abhishek Pandey । KYON- Dastan Khoj Ki
अभिषेक पांडेय 

Rahul Mishra । KYON- Dastan Khoj Ki
राहुल मिश्रा जी

Monty। KYON- Dastan Khoj Ki
मोंटी
Anurag Shukla । KYON- Dastan Khoj Ki
अनुराग शुक्ला 

ये उपर तो वे लोग हैं जिनका प्रत्यक्ष रूप से इस किताब का आपके पास पहुंचने में काफी बड़ा योगदान था लेकिन इनके अलावा भी वैसे बहुत सारे लोग हैं जिन्होंने अप्रत्यक्ष रूप से मदद की है! जिसमें से मेरे पूर्व मित्र और मेरे गुरु सम्मिलित है। उनके आधारमयी योगदान को कभी भी नजर अंदाज नहीं किया जा सकता और न ही छोटा समझा जा सकता है। 
एक बार उन्हें याद करते हुए पुनः हृदय से नव कर नमन!  फिर से धन्यवाद


❣धन्यवाद!❣




Comments

  1. So inspiring wait for ur turn keep patience u are a raising sun for future as like Ur feet on ground nd eyes on star

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